वोट पाने के लिए मोदी सरकार ने लुटाया खजाना, बनाई ऐसी योजनाएं, बेतहाशा बढ़ गया 'राजकोषीय घाटा': यशवंत सिन्हा
तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सिन्हा ने कहा, "मोदी सरकार मुफ्त अनाज सहित अन्य कल्याण योजनाओं पर भारी-भरकम राशि खर्च कर रही है. सरकार की राजकोष की स्थिति डंवाडोल है. राजकोषीय घाटा असामान्य रूप से काफी ऊंचे स्तर पर है. यह सरकार के उन आंकड़ों से भी अधिक है, जिन्हें ‘भरोसेमंद' नहीं माना जाता है." देश का राजकोषीय घाटा चालू वित्त वर्ष 2021-22 में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 6.9 प्रतिशत रहने का अनुमान है. पहले इसके 6.8 प्रतिशत रहने का अनुमान था. सिन्हा ने आरोप लगाया, ‘‘आज सरकार की आर्थिक नीतियां इस आधार पर तय होती हैं कि क्या इनसे उसे चुनाव जीतने में मदद मिलेगी या नहीं.'' मणिपुर में मुख्यमंत्री पद की रेस हुई दिलचस्प, RSS के करीबी नेता बने तीसरा विकल्प उन्होंने कहा, ‘‘इससे एक तरफ गरीबों के लिए ‘कल्याण' चल रहा है, दूसरी ओर चुनिंदा कॉरपोरेट अत्याशित लाभ कमा रहे हैं. यह कुछ ऐसा हो रहा है जिसको लेकर देश में किसी को चिंता नहीं है.'' सिन्हा ने कहा कि यह मजबूत राजकोषीय नीतियों और मजबूत आर्थिक नीतियों के बीच स्पष्ट रूप से असंतुलन की स्थिति है. यही आज की सचा...